Aaj Ka Panchang आज का पंचांग 28 जुलाई 2026 : आज आषाढ़ शुक्ल चतुर्दशी तिथि, जानें पूजा के लिए मुहूर्त का समय

Aaj Ka Panchang 28 July 2026

Aaj Ka Panchang 28 July 2026

Aaj Ka Panchang 28 July 2026: हिंदू धर्म में पंचांग का काफी महत्व होता है. कोई शुभ काम, यात्रा, निवेश या पूजा-पाठ करने से पहले पंचांग जरूर देखा जाता है. पंचांग हिंदू काल-गणना पद्धति है. यह सूर्य, चंद्रमा और अन्य ग्रहों की स्थिति पर आधारित है.

चतुर्दशी तिथि और गुरु पूर्णिमा का महत्व

28 जुलाई 2026 (मंगलवार) को आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि शाम 6:19 बजे तक रहेगी. इसके बाद पूर्णिमा तिथि लग जाएगी. इसी दिन शाम 6:18 बजे से गुरु पूर्णिमा प्रारंभ होगी, जो 29 जुलाई को रात 8:05 बजे तक रहेगी. गुरु पूर्णिमा पर लोग अपने गुरु, शिक्षकों और आध्यात्मिक आचार्यों का पूजन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त करते हैं.

सूर्योदय, चंद्रोदय और ग्रह-नक्षत्र की स्थिति

इस दिन सुबह 5:59 बजे सूर्योदय और शाम 7:07 बजे सूर्यास्त होगा. वहीं, शाम 6:31 बजे चन्द्रोदय और भोर 5:25 बजे चन्द्रास्त होगा. पंचांग के अनुसार, 28 जुलाई 2026 को सूर्य पुष्य नक्षत्र में स्थित रहेगा. जबकि चंद्रमा दोपहर 1:11 बजे तक पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र में रहेगा. इसके बाद उत्तराषाढ़ा नक्षत्र में प्रवेश करेगा.

हर्षण योग और अमृत काल

मंगलवार को हर्षण योग रात्रि 11:34 बजे तक रहेगा. अमृत काल सुबह 7:50 बजे से 9:37 बजे तक रहेगा.

अभिजीत मुहूर्त

मंगलवार को अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:07 बजे से 12:59 बजे तक रहेगा. यह दिन का सबसे शुभ समय माना जाता है. मान्यता है कि इस दौरान बिना किसी राहुकाल या अन्य अशुभ समय की चिंता किए कोई भी महत्वपूर्ण कार्य, पूजा या व्यापार शुरू किया जा सकता है.

राहुकाल और अशुभ समय

वहीं, राहुकाल दोपहर 3:50 बजे से शाम 5:28 बजे तक रहेगा. गुलिक काल दोपहर 12:07 बजे से 1:48 बजे तक रहेगा. यमगंड काल सुबह 9:16 बजे से 10:55 बजे तक रहेगा. पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार, इन समयों में नए कार्य शुरू करने से बचना चाहिए क्योंकि इन्हें अशुभ समय माना जाता है.

ग्रहों की स्थिति

मंगलवार को सूर्य कर्क राशि में स्थित रहेगा, जबकि चंद्रमा धनु राशि में स्थित रहेगा.

दिशाशूल

मंगलवार को उत्तर दिशा में दिशाशूल रहेगा. ज्योतिष और वास्तु के मुताबिक, इस दिशा में यात्रा करने से बचना चाहिए. यदि यात्रा करना अनिवार्य हो, तो कुछ विशेष ज्योतिषीय उपायों को अपनाकर प्रस्थान किया जा सकता है.